चुदाई की पाठशाला – लेडी टीचर ने दिया सेक्स का ज्ञान


मैं राहुल शर्मा. मैं १८ साल का हु. मैं १२थ क्लास में पढाई कर रहा हु और दिखने में काफी स्मार्ट हु और मस्त हु. मेरा लंड ८.५ इंच का है. ये कहानी आज से १ साल पुरानी है, जब मैं १२थ में था और बोर्ड क्लास में होने की वजह से मुझे मैथ्स के ट्यूशन की बहुत जरूरत थी. तो मैंने एक दोस्त ने मुझे एक टीचर के बारे में बताया. जो अपने घर पर ट्यूशन देती थी और मैं अगले दिन, उसके बताये हुए एड्रेस पर पहुच गया. तो मेरा फ्रेंड वहीं था. मैंने उसके साथ गया २न्द फ्लोर पर. क्योंकि उनका ट्यूशन सेण्टर २न्द फ्लोर पर था. सो जैसे ही हम दोनों अन्दर गये. तो मैं अपने बेड पर थी और बाकी सब गर्ल्स सोफे पर थी. मेम ने हमको बोला – अन्दर आओ और बैठो. मेरे बैठने के लिए कोई जगह नहीं बची थी. तो उन्होंने मुझे ऐसे खड़े देख कर कहा – यहाँ आ जाओ. तुम मेरे साथ बेड पर बैठ जाओ. सर्दी के दिन थे. तो मेम ने अपने ऊपर एक कम्बल ले रखा था और हम को पढ़ा रही थी. मेम २५ साल की होगी. उनका रंग गोरा, मस्त भरी जवानी है. उनकी फिगर तो लाजवाब थी ३८ – ३० – ४०. मेम के बूब्स बहुत ही मस्त है और बहुत मोटे – मोटे भी है. उनके भरे – भरे चुतड और गांड तो बहुत ही मस्त है.. बहुत मोटे चुतड है उनके.

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai, the lady teacher story,  A Lady Teacher, Sexy Lady Teacher, Teacher ke Saath Chudai, Teacher ki Chudai

तो दोस्तों, जब मैं उनके पास बैठ कर पड़ रहा था. तो वो सबको अलग से समझाती और मुझे सबसे अलग से समझाती. उनको देख कर मन तो कर रहा था, कि बस पकड़ कर चोद डालू. मेरा लंड भी अब थोड़ा खड़ा होते – होते पूरा खड़ा हो गया था. पेंट में से निकलने को तैयार था. मैंने अपनी बुक से उसे ढक लिया और किसी को पता भी नहीं चलने दिया. पर मैडम ने मुझे अपने लंड को दबाते हुए देख लिया था. मेम मुझे देख कर थोड़ा सा मुस्कुरायी और फिर मैं उनको देख कर, मुस्कुराते हुए देख कर थोड़ा नर्वेस हो गया. फिर लगभग ३ वीक तक ये ही सब चलता रहा. फिर एक दिन मुझे घर पर कुछ काम होने की वजह से ट्यूशन नहीं जा पाया. फिर अगले दिन, जब मैं ट्यूशन गया, तो बाहर किसी की बाइक या स्कूटी नहीं थी. मैंने सोचा, कि सब बस से आये होंगे. तभी मैं ऊपर गया और जैसे ही गेट के सामने खड़ा था. तो मेम के माँ – डैड बाहर आये और उन्हें बाय बोला. जेसे ही उन्होंने मुझे देखा, तो वो शॉक हो गयी और बोली – तुम आज यहाँ कैसे? मैंने तो सबको छुट्टी दे दी थी.

मैं – मेम, मैं कल नहीं आ पाया था. सो मुझे छुट्टी के बारे में नहीं पता था.
मेम – अच्छा.
मेम – ओके मेम. अच्छा मैं चलता हु. अब मैं कल आ जाऊंगा.
मेम – अब आज आ ही गया है. तो चल कुछ रिविजन ही कर ले.
मैं – ओके.
मेन – मैं भी अकेली हु. कुछ टाइम ही पास हो जाएगा.
मैं – मेम, आपके माँ और डैड कहाँ गये है?

मेम – वो गाँव में किसी की डेथ हो गयी है. वहां गए हुए है. २ वीक के बाद आयेंगे.
मैं – अच्छा, ओके.
मेम – अच्छा चल, कुछ कर ले. २ घंटे का टाइम है तेरे पास.
तो मैं जाकर सोफे पर बैठने लगा तभी.
मेम – अरे… वहां क्यों बैठ रहा है. यहाँ आजा बेड पर.. कम्बल में बैठ जा.
मैं – अरे नहीं.. नहीं मेम.
मेम – आजा ना..
मैं – ओके मेम.

मैं जाकर मेम के पास बैठ गया और कम्बल के अन्दर पैर डाल लिए. मेम ने मुझे सम दिए करने के लिए. मैंने एक ही बार में सब सोल्व कर दिए.

मेम – अरे वाह, तू तो काफी इंटेलीजेंट है और मेरे जांघ पर अपना हाथ रख दिया. तभी मेरा लंड एक दम से खड़ा हो गया. फिर मेम ने मुझे देखा और पूछा, क्या तेरी कोई गर्लफ्रेंड है. मैंने कहा – नहीं मेम. आज तक तो कोई नहीं बनायीं. तो मेम ने कहा – इतना अच्छा दीखता है, स्मार्ट भी है और फिजिकली भी स्टोरंग दीखता है. फिर क्यों नहीं बनायीं.
मैं – मुझे गर्ल से बातें करना नहीं आती है.
मेम – बात करने में कौन सी बड़ी बात है. जैसे सिंपल बात करते है. वैसे ही बात करते है.
मैं – बट मेम, बात करने के अलावा तो गर्लफ्रेंड – बॉयफ्रेंड बहुत कुछ करते है. वो कैसे करते है. वो भी मुझे नहीं आता है इसलिए.
मेम – बस, इतनी सी बात. ये तो सब अपने आप ही सिख जाते है बुद्दू.
मैं – बट मेम, मुझे नहीं आता है.
मेम – तो क्या हुआ? मैं सिखा देती हु तुझे.
मैं – आप मुझे कैसे सिखाओ गे?
मेम – प्रैक्टिकल करके और कैसे?
मैं – ओके मेम.

मेम ने फिर मुझे अपने मोबाइल पर एक ब्लू फिल्म लगा कर दी और चेंज करने चली गयी. मैं देखता रहा और फिर थोड़ी देर बाद मेम आ गयी. वो एक नाइटी पहने हुई थी पिंक कलर की. सिर्फ उनकी जांघो तक थी. मैं उनको देखता ही रह गया. फिर मैं थोड़ा शांत बैठ गया और मोबाइल साइड में रख दिया. मेम आकर वापस कम्बल में बैठ गयी और मेरे पैरो से अपने पैरो को टच करने लगी. तो मैंने भी हाथ कम्बल में डाल दिया और उनकी जांघो पर हाथ को फेरने लगा. मेम मुझे बहुत ही सेक्सी स्माइल देने लगी. मैं उनको देख कर आउट ऑफ़ कण्ट्रोल हो गया और उनको लेकर बेड पर लेट गया. फिर मैं उनकी बॉडी के हर पार्ट को चूमने लगा और समुच किया. पुरे १५ मिनट तक उनके मुह को समुच किया और फिर मैं उनके बूब्स को दबाने लगा और वो मेरे सर को पकड़ कर अपने बूब्स पर दबाने लगी और सिस्कारिया भरने लगी श्श्श श्श्श श्श्श अहहह्ह अहहहः अहहाह ऊहूहोहोहोहो…

फिर मैंने उनकी नाइटी उतार दी और अब वो बिलकुल नंगी थी मेरे सामने. कसम से यारो.. एकदम मस्त लग रही थी. फिर वो उठी और मेरे सारे कपड़े उतार दिए और अब हम दोनों पुरे के पुरे नंगे थे. हम एक दुसरे को चूम रहे थे और फिर मैंने एकदम से अपना लंड उनकी चूत पर रख दिया और धक्का लगा दिया. मेरा लंड अन्दर नहीं गया. फिर मैं बैठा और मेम की टांगो को अपने कंधो पर रख लिया और फिर चूत पर अपने लंड को रख कर थोड़ा सा अन्दर करके धक्का लगाया. पूरा ८.५ इंच का लंड मेम की चूत में घुस गया और मेम चिल्ला उठी अहहाह अहहाह अहहाह अहहाह स्स्स्स श्श्श्स श्श्श अहहाह अहहाह आःह्ह्ह अहः हाहा अहः… मैंने मेम को जोर से पकड़ लिया और उनको जोर से किस करने लगा. थोड़ी देर ऐसे ही पड़े रहने के बाद उनके ऊपर, फिर जब मेम को थोड़ा आराम मिला, तो तब मैंने धीरे – धीरे धक्के लगाने चालू कर दिए और झटके मारता रहा. मेम मोअनिंग करने लगी थी अहः आहाह्हा एस एस एस हाहाह हाहाह ऊहुहुह हाहाहा एस एस… ऊओह्हो और जोर से जोर से चोदो… अहः अहः आहाह.

और भी मजेदार और हॉट एंड सेक्सी हिन्दी सेक्स कहानिया की अपडेट पाने के लिए हमें फेसबुक पर LIKE करे।

और फिर मैंने मेम को डोगी स्टाइल में बैठाया और जोर – जोर से झटके मारने लगा. मेम के चुतड को भी दबा रहा था मैं. उनके चुतड पर थप्पड़ भी मार रहा था. फिर मेम बोली – मेरा निकलने वाला है. मैंने कहा – मेम, मेरा भी. फिर हम दोनों साथ में पहली वाली पोजीशन में आ गए और मैंने जोर – जोर से धक्के लगाने शुरू कर दिए. फिर मेम झड़ गयी और ४ – ५ धक्को के बाद, मैं भी झड गया और सारा पानी उनकी चूत में डाल दिया. फिर मैं ऐसे ही उनके ऊपर पड़ा रहा और हम १ घंटे तक ऐसे ही लेटे रहे और एक दुसरे को चुमते रहे. फिर हम दोनों एक साथ नहाये और फिर कपड़े पहने और मैं अपने घर चले गया. अब हम चुदाई करते है ट्यूशन के बाद. जब मेम की माँ जॉब पर चली जाती है और डैड भी अपनी जॉब पर चले जाते है.. तब हम रोजाना घंटो तक चुदाई करते है…

और भी मजेदार और हॉट एंड सेक्सी हिन्दी सेक्स कहानिया की अपडेट पाने के लिए हमें फेसबुक पर LIKE करे।

  sex samachar, Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Chudai Kahani, Free Indian Sex Videos, Desi Sex Videos , Hindi Sex Video, Gujarati sex story, Kamukta,

दोस्त की बहन को चोदकर बदला लिया


हैल्लो दोस्तों, में लगभग 2 साल से इस साईट पर कहानी पढ़ रहा हूँ और मजे भी करता हूँ। दोस्तों ये कहानी मेरे और मेरे दोस्त और उसकी बहन के बीच में हुई चुदाई की है। मेरा नाम अरमान है और में पंजाब में लुधियाना का रहने वाला हूँ और मेरी हाईट 6 फुट है, कलर गोरा है। में लुधियाना के एक कॉलेज में पढ़ता हूँ। मेरा दोस्त राज भी मेरे साथ ही पढ़ता है और हम बचपन के दोस्त है तो इसके कारण हमारा एक दूसरे के घर में आना जाना और साथ में ही पढाई करना तो नॉर्मल बात है। एक दिन में और राज उसके घर पर पढ़ते-पढ़ते सो गये तो मेरी आँख रात के 1 बजे खुली तो मुझे लगा कि कोई गेट के पास खड़ा है। में उठकर देखने लगा तो बाहर कोई नहीं था, लेकिन राज की बहन निशा के रूम का दरवाजा खुला था। दोस्तों निशा की उम्र 20 साल है, फिगर साईज 30-28-30 है, रंग एकदम दूध जैसा, गांड एकदम मस्त, वो नामर्द को भी मर्द बना दे। में तो पहले से ही मर्द था और दिल तो करता था कि घोड़ी बनाकर गांड मार दूँ, लेकिन में दोस्त को धोखा नहीं देना चाहता था। खैर अब में कहानी पर आता हूँ। निशा के रूम का दरवाज खुला हुआ था। फिर मैंने देखा कि निशा अपने बेड पर नहीं थी। में रूम में जाकर देखने लगा तो में जब रूम में अन्दर गया तो अचनाक से दरवाजा बंद हो गया। फिर निशा ने मुझे पकड़कर बेड पर पटक दिया और वो मेरे ऊपर आकर लेट गई। फिर मैंने कहा कि निशा ये क्या कर रही हो? तो उसने कहा कि प्यार जो में तुम्हें अपनी जान से भी ज्यादा करती हूँ। फिर मैंने कहा कि तुम मेरे दोस्त की बहन हो और मेरे पहले से ही एक गर्लफ्रेंड है। फिर निशा ने कहा कि तो फिर ठीक है और आज से तुम्हारे 2 गर्लफ्रेंड है। फिर मैंने कहा कि में ये नहीं कर सकता। फिर निशा ने कहा कि मुझे पता था कि तुम ऐसे नहीं मानोंगे। फिर निशा ने मेरी पेंट के ऊपर से ही मेरा लंड अपने हाथ में ले लिया और मेरे हाथ पकड़कर अपने बूब्स पर रख दिए और वो मुझे लिप किस करने की कोशिश करने लगी। फिर मैंने अपने आप पर कंट्रोल किया और निशा को धक्का मारकर साईड में कर दिया और उठकर चला गया। उस दिन के बाद में कुछ दिन तक राज के घर नहीं गया।

फिर मैंने राज को कुछ नहीं बताया था और अब हम नॉर्मल थे। फिर एक दिन राज का फोन आया तो उसने कहा कि कल कॉलेज मत जाना हम मूवी देखने चलेगे और में 10 बजे तुम्हें लेने आ जाउंगा। फिर मैंने कहा ठीक है, लेकिन अगले दिन राज नहीं आया और उसका फोन भी ऑफ था। फिर मैंने सोचा कि कोई प्रोब्लम आ गई होगी। फिर शाम को मेरी गर्लफ्रेंड का फोन आया जो मेरे और राज के साथ पढ़ती है तो वो रो रही थी। फिर मैंने पूछा क्या हुआ पूजा? तो उसने बताया कि आज राज ने कॉलेज में जब में क्लासरूम में अकेली थी तो उसने मुझे प्यार का इजहार किया तो मैंने ना कह दिया तो उसने मेरे साथ ज़बरदस्ती करने की कोशिश की और में मुश्किल से अपनी जान बचाकर वहां से भाग पाई हूँ। फिर मैंने पूजा को समझाकर शांत किया और कहा कि तुम किसी से कुछ मत कहना और में तुम्हारा बदला लूँगा, लेकिन तुम कॉलेज में नॉर्मल रहना और राज को भी पता नहीं चलना चाहिए कि मुझे सब पता है। फिर पूजा ने कहा कि ठीक है, लेकिन उस राज को छोड़ना मत और मैंने कहा कि ठीक है। अब में सारी रात सोच था रहा था कि राज को पता था कि में पूजा से प्यार करता हूँ और हमारी शादी भी होने वाली है। फिर भी उसने ये ग़लत काम किया और मुझे राज पर बहुत गुस्सा आ रहा था। फिर मैंने सोच लिया था कि अब में राज से बदला जरुर लूँगा।

अब में अगले दिन सुबह राज के घर गया तो उसकी माँ ने दरवाजा खोला। आंटी स्कूल में टीचर है तो जब आंटी स्कूल जा रही थी और राज के पापा टूर पर ही रहते है और राज सो रहा था। निशा नाश्ता कर रही थी तो में सीधा अन्दर गया तो निशा मुझे देखकर खुश हो गई और मैंने भी स्माईल कर दी और आँख मार दी। फिर मैंने निशा को इशारा किया कि वो अपने रूम में आ जाए तो फिर निशा नाश्ता छोड़कर मेरे पीछे-पीछे रूम में आ गई। फिर जब निशा रूम में आई तो मैंने उसे बेड पर पटक दिया और में उसके ऊपर लेट गया। फिर मैंने निशा से कहा कि आई लव यू निशा मैंने तुम्हारे लिए अपनी गर्लफ्रेंड से ब्रेक-अप कर लिया है और अब में सिर्फ तुम्हारा हूँ और में सारी उम्र तुम्हारा ही रहूँगा।

फिर निशा ने कहा कि सच आज में बहुत खुश हूँ आई लव यू टू जानू, आज तुमने मुझे मेरी लाईफ का सबसे बड़ा गिफ्ट दिया है। फिर मैंने कहा कि अब तुम मुझे क्या गिफ्ट दोगी? तो उसने कहा कि जो तुम कहो। फिर मैंने कहा कि मेरी कसम खा जो में कहूँगा, वो ही तुम दोगी तो उसने मेरी कसम खा ली। फिर मैंने उससे कहा कि अब मुझे शादी से पहले हनीमून मनाना है। फिर मैंने कहा कि यहाँ नहीं मेरे घर पर, अब तो वो हमारा घर हो गया है। फिर निशा खुश हो गई और फिर उसने कहा कि में भाई के जाने के बाद आ जाउंगी। फिर मैंने कहा कि ऐसे नहीं 7 दिन के लिए मेरे घर पर ही रुकना पड़ेगा तो फिर निशा ने कहा कि ये नहीं हो सकता तो अब में गुस्सा होने का नाटक करने लगा।

फिर उसने कहा कि ठीक है बाबा, तुम मुझे 2 दिन दो, में कोई भी बहाना बना लूंगी तो अब में खुश हो गया और उसे किस करने लगा और में उसके बूब्स दबाने लगा। फिर निशा ने कहा कि जानू दो दिन इंतजार करो भाई घर पर है। फिर जो करना है कर लेना। निशा घर का काम करने लगी और में राज के रूम में राज को उठाने चला गया और में राज के साथ ऐसे बात कर रहा था जैसे मुझे कुछ पता ही नहीं हो और अब राज को भी लगा कि पूजा ने मुझे कुछ नहीं कहा है। अब वो भी नॉर्मल हो गया। फिर शाम को निशा ने घर पर माँ से बात कर ली कि वो अपनी फ्रेंड्स के साथ 7 दिन के लिए टूर पर जाना चाहती है तो उसकी माँ मान गई। फिर अगले दिन निशा ने पैकिंग कर ली और अपनी फ्रेंड से बात कर ली कि वो माँ को झूठ बोल दे। फिर मैंने भी सारी तैयारी कर ली थी। फिर अगले दिन निशा मेरे घर आई तो उसने सफ़ेद टॉप और काली जीन्स पहन रखी थी, जिसमें उसका फिगर कमाल का लग रहा था।

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

फिर मैंने उसे अन्दर बुलाया और कोल्ड ड्रिंक दी, अब हम बातें करने लगे और फिर हमने लंच किया। फिर में निशा को बेडरूम में ले गया और हम लिप किस करने लगे और अब वो भी मेरा साथ दे रही थी। फिर 15 मिनट की किस के बाद में उसके बूब्स पर अपना हाथ ले गया और ज़ोर-ज़ोर से मसलने लगा तो अब वो गर्म होने लगी थी। फिर मैंने उसका टॉप निकाल दिया, उसने अन्दर वाईट कलर की ब्रा पहन रखी थी तो मेरे मुँह में पानी आ गया और अब में उसकी ब्रा के ऊपर से ही बूब्स को मुँह में लेने लगा और वो मेरी पेंट के ऊपर से ही मेरा लंड पकड़कर मसलने लगी थी। फिर मैंने उसकी ब्रा निकाल दी और बूब्स मुँह में लेकर पीने लगा और निप्पल काटने लगा। में अपने एक हाथ से उसकी पेंट के ऊपर से चूत मसलने लगा तो वो आवाजे निकालने लगी थी, आआआआआआआआआआआ ज़ाआाआआनुऊु आाआआआआआआआअ और फिर मैंने उसकी पेंट को निकाल दिया।

फिर उसने मेरी शर्ट और पेंट निकाल दी और हम दोनों बेड पर अंडरवियर में थे। हम दोनों एक दूसरे के ऊपर टूट पड़े, कभी वो मेरे ऊपर आकर किस करने लगती तो कभी में उसे किस करने लगता। फिर मैंने उसकी पेंटी निकाल दी और वो नीचे बिल्कुल क्लीन शेव चूत थी। में देखने लगा तो उसने अपना चेहरा हाथ से ढक लिया और शर्म के मारे उसका रंग लाल हो चुका था। अब में उसे लिप किस करने लगा और वो मेरा लंड बाहर निकाल चुकी थी और उसे हाथ में लेकर हिलाने लगी। फिर मैंने उठकर अपनी अंडरवियर निकाल दी और में उसकी पूरी बॉडी पर किस करने लगा। जब में उसकी चूत के पास गया तो उसने मेरा सर पकड़ लिया। फिर मैंने जब उसकी चूत पर अपनी जीभ रखी तो वो तड़पने लगी और आवाजे करने लगी और में अपनी जीभ को अन्दर बाहर करने लगा तो वो कहने लगी आआआअ ज़ाआाआआनुउऊुउउ इतने में ही उसकी चूत ने गर्म पानी छोड़ दिया और अब उसका शरीर अकड़ गया था।

फिर में उठा और उसे बाल से पकड़कर बैठा दिया और में बेड पर खड़ा हो गया और फिर मैंने उसके बालों को पकड़कर ज़बरदस्ती अपना लंड उसके मुँह में दे दिया, वो पहले-पहले तो लंड को निकालने की कोशिश करने लगी, लेकिन कुछ टाईम के बाद उसे भी मज़ा आने लगा। वो मेरे लंड को लॉलीपोप की तरह चूस रही थी, वो कभी मुँह में लेती तो कभी बॉल्स मुँह में लेती। फिर मैंने उसे बेड पर लेटा दिया और उसकी टाँगे खोल दी और फिंगरिंग करने लगा। वो फिर से आवाजे निकालने लगी आआआआअहह आआआअहह, अब उसकी चूत पूरी गीली हो चुकी थी। फिर में उसकी चूत पर अपना लंड रखकर दबाने लगा और वो कुंवारी होने के कारण अंदर नहीं जा रहा था, क्योंकि उसकी चूत बहुत टाईट थी। फिर मैंने एक ज़ोर का झटका मारा तो मेरा लंड उसकी चूत को फाड़ता हुआ 3 इंच अन्दर चला गया। अब वो बहुत ज़ोर से चीखी तो मैंने अपने होंठ उसके होठों पर रख दिए और बूब्स दबाने करने लगा।

फिर जब वो शांत हुई तो मैंने दूसरा जोर का झटका मारा और मेरा लंड सील तोड़ता हुआ पूरा अन्दर चला गया। मुझे अपने लंड पर गर्म-गर्म खून महसूस हो रहा था और वो चीख रही थी, प्लीज इसे निकालो, में मर गई। फिर में उसकी गर्दन पर किस करने लगा और बूब्स मुँह में लेकर चूसने लगा। फिर जब वो ठीक हुई तो में उसे चोदने लगा और अब उसे भी बहुत मज़ा आ रहा था, वो कह रही थी ऊऊऊओह यययययईईईईस्स्स्स्स्सस्स जाआआऊऊउउ फक मी और तेज़ फास्ट फास्ट। में अपनी पूरी स्पीड से उसे चोदने में लग गया था और वो कह रही थी कि लव यू जानू आपको चोदना किसने सिखाया? फक मी बेबी आआआआआआआआहह करती रही। 25 मिनट की चुदाई के बाद मैंने अपना गर्म पानी उसकी चूत में ही छोड़ दिया और उसके ऊपर ही लेट गया और वो मुझे पागलों की तरह किस कर रही थी।

फिर 20 मिनट के ब्रेक के बाद में फिर से तैयार था, लेकिन अब में उसकी गांड मारना चाहता था तो मैंने उससे कहा तो वो साफ मना करने लगी तो मैंने प्यार के नाम पर उसे मना ही लिया। फिर मैंने उसे बेड पर घोड़ी बना दिया और तेल की बोतल उसकी गांड में उल्टी कर दी और उसकी गांड के छेद पर अपनी उंगली से अन्दर तक लगा दिया और कुछ तेल लंड पर भी लगा दिया। फिर मैंने अपना लंड उसकी गांड पर सेट कर दिया और एक जोर का झटका मारा तो अब मेरा लंड पूरा अन्दर जा चुका था और वो चीख रही थी, में मर गई निकालो इसे, में जोर-जोर से झटके मारने लगा और बूब्स दबाने लगा। अब उसे भी मज़ा आने लगा था और वो भी अपनी गांड हिला-हिलाकर चुदवा रही थी और में उसे जोर से पकड़कर अपनी पूरी स्पीड से चोदने में लग गया और साथ में उसकी गांड पर हाथ से मार भी रहा था, 30 मिनट के बाद में उसकी गांड में ही झड़ गया।

फिर में अपना लंड उसकी गांड के बीच में रखकर ही सो गया और इन 6 दिनों में मैंने उसकी गांड चूत बहुत मारी और अब बदला लेने की बारी थी तो छठे दिन मैंने निशा से कहा कि जानू में तुम्हें लाईट ऑफ करके चोदना चाहता हूँ और साथ में हम दोनों एक दूसरे से कोई बात नहीं करेंगे, कसम खा कुछ भी हो जाए तो तुम मुँह से ऊफ तक नहीं कहोगी। फिर उसने कसम खा ली। फिर मैंने राज को फोन कर दिया और उसे बोला कि मेरे घर आ जा एक लड़की है मिलकर चोदते है। फिर उसने कहा कि में 5 मिनट में आता हूँ, तब तक मैंने चैक करने के लिए कि निशा कोई गड़बड़ ना कर दे तो में लाईट ऑफ करके उसे चोदने लगा। फिर वो कुछ नहीं बोली तो मैंने उससे कहा कि बहुत मज़ा आया एक बार और करे। फिर उसने कहा ठीक है और फिर मैंने कहा कि याद रखना कुछ नहीं बोलना है। फिर उसने कहा कि ठीक है में 5 मिनट में आता हूँ, में बाहर राज का इंतजार करने लगा। फिर राज आ गया तो मैंने उसे कहा कि मेरी नई गर्लफ्रेंड है और मैंने सब सेट कर दिया है, बस तुम कुछ मत बोलना जब तुम्हारा काम हो जायेगा, तब लाईट चालू करेंगे। फिर हम मिलकर करेगे तो उसने कहा कि ठीक है।

फिर में राज के साथ गया तो मैंने निशा से कहा कि में आ गया जानू कुछ मत बोलना। फिर राज सेक्स करने लगा। फिर मैंने उससे कहा था कि जब तेरा हो जाए तो खांसी से इशारा कर देना तो उसने इशारा कर दिया। फिर मैंने रूम में आकर लाईट चालू कर दी तो राज ने देखा और वो पागल हो गया, ये तो उसकी बहन थी। वो दोनों पागल हो गये और राज भागकर मेरे पास आया और मेरा गला पकड़ लिया और कहने लगा कि साले ये क्या किया तुमने? फिर मैंने उसके मुँह पर एक चांटा मारा तो वो नीचे गिर गया। फिर मैंने कहा कि साले तूने मेरी गर्लफ्रेंड के साथ ज़बरदस्ती करने की कोशिश की थी तो ये उसका बदला था। फिर वो वहीं पर रोने लगा और फिर मैंने निशा को समझाया कि जानू ये जरूरी था वर्ना ये हमें कभी एक नहीं होने देता, अब ये कुछ नहीं कर सकता है, ये मैंने हमारे लिए ही तो किया है। फिर निशा मान गई और मैंने एक बार और निशा को उसके सामने चोदा, अब जब भी मेरा दिल करता है तो में निशा से मिलने जाता हूँ और राज से कहता हूँ कि साले रखवाली कर में तेरी बहन को चोदने जा रहा हूँ ।।

धन्यवाद …

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

Having Delicious Time With Horny Lady


Hello friends, I am Sumit living in Bangalore. This is true story which is happen in last two month back. Now about myself I am good looking mahn. 26 year old. I studying in engg in Bangalore .Nice maintain body. And crazy about sexy women , girls, lady and widow.Now I start my story. And if I did some mistake for that I m sorry ..

Mere ghar ke samne ek couple rahta tha sushma aur shubhas . Sushma very sexy lady thi.Mai raat ko sushma ko chodne sapne dektha tha.Mai unpar man hi man marta tha.Par koi chance nahi mil raha tha. But kahi na kahi uske saath night spend kar ney ka khwahis tha mere dill mey and lund mey..

Ek din aisa hua ki main unke ghar kuch kam ki liye gaya tha par.Ghar ka darwaja khulla hi tha after waiting some time main unke ghar me gaya.To sangeeta andar kapde badal rahi thi.Use dekh kar mera lund khada ho gaya aur mene unko aawaj di thodi der baad wo bahar aa gayi.Mai unki gahar se bina kuch bole hi bhar nikal pada.

Kuch din baad muse aisa mahsoos hone laga ki wo bhi musme interested hai.Wo road se jate waqt bhi muse sexy smile deti thi.Unke pati rajesh kuch kaam ki wajha se delhi gaye the.Aur mere bhi parents kuch kaam ke leye bahar gaye the.Ek din main sangeeta ko milne ki leye unke ghar gaya.Wo ghar me akele thi. Unone muje ghar me bulaya aur kaha ki “sumit aaj tumare gahar me koi nahi hai to khane ke liye tum aaj yahaan par aana”

Raat ko khana kane ke baad maine kaha ki unty main ghar jata hu.Tabhi wo mujhe boli ki tum aaj yahaan par so jao. Kyun ki mai bhi akeli hoon.Maine haan kar di. Raat ko sushma ne apna saara kaam complete kap ke wo mere paas aa kar bhaith gayi.

Thabhi mai tv dekh raha tha.Wo aaj bhaut hi sexy lag rahi thi.Usne transparent gown pahana tha .Usme se uske boobs bahar aaye the. Aur bade mote the. Thodi der ki baad usne muje poocha ki “rahul tumari koi girlfriend hai .”muje surprise laga ki ye muje aisa kyun pooch rahi hai.Maine sharmate hua kaha nahi. Wo mere paas aa gaye aur unone muje haste hua khaha ki “To tum muje baar baar chupke se kyun dekthe ho”

Maine kahaki aap bhaut aachi dekthi hai is leye, to wo boli ki “kya tum mujhse sex karoge main jan ti hoon ki tum man hi man mujh par marte ho.” aure mere maan mey he maan mey khush ho raha tha and socha k aaj to num lag gaya. And then wo mujhe jor se kiss karne lagi.Mujhe bhi koi control nahi hua. Aur main bhi sushma ko kiss karne laga. Wo mujhe bole ki mujhe mere hasband ne koi satisfaction nahi diya tu mere choot phad dal.Aur boli k mere aaj puri pyaas khatam kar jo kisi ney nahi kiya wo tum aaj mere liye karega . Aur usne mujhe uske kapde nikalne ko kaha.Aur usne bhi mere kapde nikal diye.Wo to nangi ho gaye thi.

Maine usko uthakar bedroom leke gaya.Aur uske pure badan ko mai chatne laga. Uske kya boobs the .. Mere lyf mey mene itna aache sey kabhi kisi ko nahi pyaar kiya hoga ya kisi ney muje maza diya hoga .. And uski gaand bhaut hi moti aur sexy the .

Maine uski chu chat ney laga and mere ek ungli uski chut mey and mere toung sey lick kar raha tha. Uski chut bahoot hi clean thi. Aur us se bahut acchi khusabu aati thi. And uske chut ki smell muje aur horny and lusty bana rahi thi mene uske kariban 15 min chat ney k baad mere muh mey usne aapna chut ka butter nilkal diya . Sushma ko bhi usme maza aa raha tha.Thodi der baad maine uski rasile boobs ko chusa. Phir maine usk 15 minute tak kiss kiya. And aab mere paas aakar

Wo mujhe boli ki mujhe tera lund dekna hai .Mera lund bada ho gaya tha.Usne mere boxer utar di.Aur mera 7 inch ka lamba lund dekh kar wo boli aisa lund to main sapnome dekti thi. Aur wo mere lund ko chusne lagi. It is an excited moment in my life. And deepthrought dene lagi jese mere to hoosh hi ud gaye ho itna maza and setisfied kiya tha..

आंटी का मीठा मीठा दर्द


हाय दोस्तो, मुझे हिंदी लिखनी नहीं आती पर कोशिश कर रहा हूँ, मेरी गलतियों को नज़रान्दाज़ कर दें।

मेरा नाम राज है, मैं इन्दौर का रहने वाला हूँ। मैं जब भी अपने घर जाता था तो हमेशा पड़ोस की आँटी को चोदने के बारे में सोचता रहता था।

इस बार जब मैं अपने घर गया तो मेरे ऊपर कृपा हो ही गई, मुझे चोदने का मौका मिल ही गया। मैं जिम जाने लगा था जिसका असर मुझे घर पर मालूम चला। आँटी के पति दुबले पतले थे और दिन भर को़र्ट में रहते थे।

उस दिन आँटी का हीटर ख़राब हो गया था। हमारे शहर में कई लोग हीटर पर खाना बनाते हैं। आँटी का भी खाना नहीं बना था, मैं गाय को रोटी देने बाहर आया तो आँटी बोली- राज, मेरा हीटर खराब हो गया है, उसे सुधार दो !

मैंने मजाक में कहा- आप तो खुद ही इतनी गर्म हो कि तपेली को हाथ से पकड़ लो तो पानी भाप बन जाये !

वो हंस दी, मैंने आज तो रास्ता साफ समझा और उनका हीटर सही करने उनके घर आ गया। उनकी लड़की जो दसवीं में है, स्कूल जा रही थी।

मैं हीटर को सही करने लगा, उनसे टेस्टर माँगा तो वो उसे लेकर खुद ही हीटर की स्प्रिंग को चैक करने लगी। तब उनके बड़े बड़े स्तन उनके ब्लाउज़ से बाहर दीखने लगे थे। मन तो कर रहा था कि उनके स्तनों को पकड़ कर मसल डालूँ पर मर्यादा मुझे रोक रही थी।

तब मैंने उनसे टेस्टर लेना चाहा तो उनका हाथ मेरे हाथ से छू गया। मुझे लगा कि आँटी इतनी हॉट हैं, अंकल की तो रोज जन्नत की सैर है।

मैंने जब स्प्रिंग से टेस्टर छुआ तो मेरे आँटी के ख्यालों के चक्कर में मुझे करंट का एक झटका लगा, मैं लगभग बेहोश हो गया था। आँटी घबरा गई और उन्होंने पानी लाकर मेरे ऊपर डाला और मुझे अपनी गोद में ले लिया और मुझे उठाने लगी।

मेरा सीना एकदम उभरा था जो शर्ट का बटन खुला होने से आँटी को दिख रहा था। आँटी ने अपना एक हाथ मेरी शर्ट में डाल दिया और धीरे-धीरे मेरे सीने पर फ़िराने लगी।

मुझे होश आने लगा था, आँटी बड़े प्यार से अपना गर्म हाथ मेरे 40 इंच के सीने पर घुमा रही थी।

मेरा लंड घोड़े के लंड की तरह धीरे धीरे बढ़ने लगा था जो मेरे रीबोक की चड्डी से बाहर निकलने को तरस रहा था और आँटी मेरे सीने को रगड़े जा रही थी।

अब मुझसे सब्र नहीं हो रहा था, मैंने अपनी आंख खोल दी। वो एकदम से मुझसे अलग हो गई।

मैंने बोला- आँटी करो ना ! मुझे मजा आ रहा है।

उसने पूछा- पहले कभी सेक्स नहीं किया ?

मैंने मना कर दिया- नहीं !

मेरा दिमाग गर्म हो रहा था कि अगर आज सेक्स नहीं कर पाया तो मैं मर जाऊँगा। Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

वो शायद मेरी अवस्था समझ चुकी थी, वो मेरे पास आई और हाथ को चूमने लगी। मुझे कुछ होने लगा था। उसने धीरे से मेरे माथे को चूम लिया। मेरा लंड जोर जोर से सांस ले रहा था। आँटी की भी सांसें गर्म होने लगी थी। फिर वो मेरी दोनों आँखों को चूमने लगी। मेरी तो हवा ख़राब होने लगी थी। वो इतनी गोरी थी कि अगर हाथ रख दो तो लाल हो जाये।

उसने मेरे दोनों हाथ अपने वक्ष पर रख दिए और बोली- इनको दबाओ !

वो मुझे अनाड़ी समझ रही थी। मैंने अपने हाथ उसके नर्म-नर्म बोबों पर घुमाने शुरु कर दिए। वो मचलने लगी और मेरे मसल्स को सहलाने लगी।

मैंने धीरे से उसकी साड़ी के अंदर अपना हाथ डाल दिया और उसकी चूत के दाने को छू लिया।

वो सिसकने लगी और बोली- तेरे अंकल को तो कोर्ट से ही समय नहीं है, मैं सात महीने से अपनी प्यास मोमबत्ती या अपने हाथ से मिटा रही हूँ। मेरी प्यास बुझा दे, तेरा मुझ पर उपकार होगा।

मैं उसकी चूत को रगड़े जा रहा था, उसने भी मेरे लंड को पकड़ लिया और रगड़ने लगी। मैंने उसके पेट पर हाथ रखा तो वो स्प्रिंग की लहरों की तरह हिलने लगा। अब हमारी धड़कने बढ़ चुकी थी। मैंने अपना लंड उसके कहने पर उसके दोनों बोबों के बीच रख दिया। मैं तो जैसे जन्नत में पहुँच गया था।

उसके बाद वो मुझसे बोली- लंड को धीरे-धीरे आगे पीछे करो !

मेरी उत्तेजना की सीमा पार हो रही थी, साथ ही मजा भी बढ़ता जा रहा था। मेरी सांसें तेज होने लगी थी। मेरा लंड ठीक उसके मुँह के पास आ जा रहा था। वो अपनी जीभ से उसे चाटने की कोशिश कर रही थी, मुझे बड़ा मजा आ रहा था। मेरा लंड जैसे दो रुई के गोलों के बीच में हो जिनको हल्का गर्म कर दिया हो।

तभी वो जोर जोर से चिल्लाने लगी- और जोर लगाओ अह अहअहहहह अहह हहहहहहह ….

aunty ki chudai ka maja

दीदी की चूत का चोदन


प्रेषक : अर्जुन …

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम अर्जुन है और में पुणे से हूँ। यह मेरी इस साईट पर पहली कहानी है और में आशा करता हूँ कि आपको यह बहुत पसंद आयेगी। मेरे घर मे 5 लोग रहते है माँ, पापा, दीदी, मेरा छोटा भाई और में। मेरे पापा एक बिज़नेस मैन है और हमारा कॉटन मिल है और मेरी माँ हाऊस वाईफ है। दीदी का MBA पूरा हो गया है और उसकी शादी भी फिक्स हो चुकी है और में बी.ए. कर रहा हूँ और अब में आपको बोर ना करते हुए सीधा अपनी कहानी पर आता हूँ।

मेरे दीदी विभा मुझसे 4 साल बड़ी है और दीदी की उम्र 26 साल है, उसका फिगर कमाल का है और उसकी गांड जो किसी का भी दिल जीत ले, में उसे हमेशा से पसंद करता था और उसे हवस की नज़रों से देखता था। मैंने कई बार उसके नाम की मुठ भी मारी है। ये बात पिछले साल जून की है जब मेरे घरवाले किसी रिश्तेदार की शादी में इंदौर गये थे। घर पर बस में और मेरी दीदी और मेरा छोटा भाई ही थे। दीदी को शायद पता था कि में उसे पसंद करता हूँ, लेकिन वो कुछ नहीं कहती थी। एक दिन मौसम बड़ा खराब था तो दीदी बाहर गयी थी, शायद उस साल की वो पहली बारिश थी। उस टाईम रात के 9 बज चुके थे और उतने में ही मुझे दीदी का कॉल आया, उसकी गाड़ी स्टार्ट नहीं हो रही थी। उसने मुझे उसकी दोस्त के घर लेने बुलाया। फिर मैंने अपने छोटे भाई बबलू से कहा कि में दीदी को लेने जा रहा हूँ तू खाना खाकर सो जाना। फिर मैंने मेरी बाईक निकाली और उसकी दोस्त ऋतु के घर चला गया।

फिर उसकी दोस्त ऋतु ने कहा कि आज रात यही रुक जाओ मौसम बहुत खराब है, लेकिन मैंने कहा कि  मेरा छोटा भाई घर पर अकेला है तो हमें जाना होगा। इतने में रिमझिम बारिश स्टार्ट हो चुकी थी। फिर में और दीदी निकल पड़े और थोड़ी ही देर में जोर की बारिश होने लगी तो दीदी और में एक जगह रुक गये। फिर लगभग रात के 11 बजे के करीब बारिश कम हो गयी तो दीदी ने कहा कि वो बाईक चलाना चाहती है तो दीदी बोली कि तू पीछे बैठ में सब संभाल लूंगी। फिर दीदी बाईक चलाने लगी और में पीछे बैठ गया। हम बारिश के कारण पूरे गीले हो चुके थे और दीदी क्या कमाल की लग रही थी? में दीदी से पीछे चिपक कर बैठ गया। अब मेरा लंड दीदी की गांड को टच हो रहा था और मुझे बड़ा मज़ा आ रहा था और शायद दीदी को भी बहुत मजा आ रहा था, मुझे पीछे से दीदी की ब्रा साफ़ साफ़ नज़र आ रही थी। फिर मैंने सोच लिया कि आज दीदी की चुदाई का अच्छा मौका है। फिर थोड़ी ही देर में हम घर पहुँच गये और दीदी की गीली गांड देखकर मेरा बुरा हाल हो रहा था।

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

फिर थोड़ी देर में दीदी फ्रेश होने गई और नाईट गाउन पहनकर आ गई, दीदी कभी गाऊन नहीं पहनती थी और यह मेरे लिए सर्प्राइज़ था। फिर दीदी ने कहा कि जा फ्रेश होकर आ जा और फिर खाना खाते है फिर में फ्रेश होकर आया और छोटे भाई के कमरे में गया तो वो सो रहा था। फिर में और दीदी खाना खाने लगे, दीदी को ठंड लग रही थी तो खाना ख़ाने के बाद में और दीदी रूम में बातें करने लगे। फिर दीदी ने कहा कि आज रात यही सो जा, मुझे मेरी तबियत ठीक नहीं लग रही। में बहुत खुश था, मैंने पजामा और टी-शर्ट पहना हुआ था, अब हम सोने की तैयारी करने लगे, शायद दीदी आज चुदाई के मूड में थी। फिर दीदी ने कहा कि यार मुझे सर दर्द हो रहा है, प्लीज़ मुझे सर पर बाम लगा दे ना तो में बोला जी जरुर दीदी। फिर में उसके सर पर बाम लगाने लगा, अब मुझे उसके बूब्स नज़र आ रहे थे और उसने अन्दर ब्रा नहीं पहनी थी और अब मेरा लंड खड़ा होने लगा था तो दीदी बोली कि यार थोड़ा पीठ पर भी लगा दे इससे मुझे थोड़ी राहत मिलेगी, मेरी तो जैसे लॉटरी लग गयी थी।

फिर दीदी उल्टी लेट गयी और मैंने उसके गाउन की चैन नीचे कर दी और बाम लगाने लगा, में अब पूरी पीठ पर बाम लगाने लगा। फिर मैंने कहा कि दीदी में बाम ठीक से लगा नहीं पा रहा हूँ, क्या में आपकी जांघो पर बैठकर बाम लगा दूँ? तो उसने हाँ बोल दिया। अब में उसकी जांघो पर बैठकर दीदी को बाम लगा रहा था और अब मेरा 6 इंच लंबा लंड दीदी की गांड को छूने लगा था और मुझे बहुत मज़ा आ रहा था। फिर मैंने दीदी से कहा कि तुम बहुत सुंदर हो और तुम्हारा फिगर भी बहुत अच्छा है, अब दीदी शायद मेरे इरादे समझ गयी थी। फिर दीदी ने कहा कि चलो बहुत रात हो गई है और अब हम सोते है, लेकिन मुझे कहाँ नींद आने वाली थी, क्योंकि मेरा खड़ा लंड तो दीदी की गांड मारने को बेताब था। अब दीदी मेरी तरफ अपनी गांड करके लेट गयी, उसके गाऊन की चैन अब तक खुली थी और में उसके साथ चिपक कर लेटा था। अब मेरा खड़ा लंड उसकी गांड को टच हो रहा था और में उसकी खुली पीठ पर किस करने लगा।

फिर मैंने अपना एक हाथ उसकी गर्दन के नीचे से उसके बूब्स पर रख दिया और दूसरे हाथ से उसका पेट सहला रहा था, मेरे ऐसा करने से दीदी पूरी गर्म हो चुकी थी और वो अपने एक हाथ से चूत सहलाने लगी और ऐसा लगभग 5 मिनट तक चलता रहा। फिर मैंने दीदी का हाथ उसकी चूत से हटाया और मैंने अपना हाथ रख दिया और उसकी चूत सहलाने लग गया और अब मैंने अपना लंड भी पजामे के बाहर निकाल लिया था, अब दीदी से रहा नहीं गया और उसने मेरी तरफ मुँह किया और मुझे किस करने लग गयी। फिर मैंने दीदी को 5 मिनट तक किस किया और उसका गाऊन उतार दिया, अब दीदी पूरी नंगी थी और उसका गोरा बदन देखकर मुझसे रहा नहीं जा रहा था। फिर मैंने अपने सारे कपड़े उतार दिए, अब हम दोनों पूरी तरह से नंगे थे। फिर मैंने दीदी को बेड पर लेटाया और उसकी चूत चाटने लगा और में उसकी गांड से भी खेल रहा था, दीदी की चूत पर एकदम बारीक-बारीक बाल थे और मानो उसने 8 दिन पहले ही शेव की हो।

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

फिर मैंने उसे उल्टा किया और उसकी गांड चाटने लगा, अब दीदी ज़ोर-ज़ोर से सिसकियां ले रही थी।  फिर मैंने दरवाजे की तरफ देखा तो दरवाजा बंद नहीं था तो में उठा और दरवाजा खिड़की सब बंद कर दिए। फिर मैंने दीदी से कहा कि दीदी मेरा लंड चूसो ना तो दीदी ने मना किया, लेकिन में रिक्वेस्ट करने लगा तो फिर वो मान गयी और मेरा लंड चूसने लगी और मेरा लंड उसकी गर्दन तक जा रहा था। फिर हम 69 की पोजिशन में आ गये, दीदी मेरा लंड चूस रही थी और में उसकी चूत और गांड चूस रहा था और अब तक हम दोनों एक एक बार झड़ चुके थे। फिर मैंने दीदी की टाँगे फैलाई और मेरा लंड दीदी की चूत पर रगड़ने लगा और मैंने अपने लंड का टोपा दीदी की चूत में उतार दिया। उसने अपने होठों को दांतों से दबा लिया था, उसकी चूत बहुत टाईट थी। फिर उसने कहा कि थोड़ा दर्द हो रहा है। तो मैंने अपने लंड पर थूक लगाया और लंड उसकी चूत में पेल दिया और मेरा आधा लंड उसकी चूत में था, उसे मज़ा आने लगा था और वो कह रही थी कि आराम-आराम से करो।

फिर मैंने आराम-आराम से पूरा लंड उसकी चूत में डाल दिया और धक्के मारने लगा, अब हम दोनों चुदाई का पूरा आनंद लेने लगे थे। फिर 20 मिनट के बाद में उसके पेट के ऊपर आ गया। फिर मैंने टाईम देखा तो रात के 1 बज रहे थे। फिर थोड़ी देर में दीदी फ्रेश होने बाथरूम में चली गयी तो में भी उसके पीछे-पीछे बाथरूम में चला गया। अब दीदी की गांड देख़कर मुझे जोश चढ़ने लगा और मेरा लंड खड़ा होने लगा। फिर मैंने दीदी को पीछे से गले लगा लिया और कहा कि दीदी में आपकी गांड मारना चाहता हूँ। फिर वो बोली कि नहीं गांड मारने में बहुत दर्द होता है। फिर मैंने कहा कि दीदी में बड़े आराम से करूँगा और अगर फिर भी दर्द होता है तो हम नहीं करेंगे। फिर मैंने उसे उठाया और बेड पर उल्टा लेटा दिया। फिर उसके पेट के नीचे एक तकिया रखा और फिर में बाथरूम से साबुन लाया और उसे उसकी गांड पर लगाने लगा और अपने लंड पर भी लगाया, इससे उसकी गांड और मेरा लंड एकदम चिकने हो गये थे।

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

फिर मैंने अपना लंड उसकी गांड पर टिकाया और धक्का मारा तो मेरा आधा लंड उसकी गांड में चला गया और वो चिल्ला पड़ी। फिर मैंने कहा कि दीदी आराम से और उसके बूब्स दबाने लगा और जब वो नॉर्मल हुई तो में धक्के मारने लगा। फिर मैंने पूरा लंड उसकी गांड में डाल दिया और अब उसे भी मज़ा आने लगा था। फिर थोड़ी देर के बाद में उसकी गांड में ही झड़ गया और हम दोनों नंगे सोने लगे तो दीदी ने कहा कि आई लव यू भाई तूने तो मुझे जन्नत की सैर कराई है। फिर में बोला कि आई लव यू टू दीदी और हम सो गये। सुबह दीदी से ठीक से चला भी नहीं जा रहा था और उसके बाद मैंने कई बार दीदी की चुदाई की और अब उसकी शादी हो चुकी है और मुझे जब भी मौका मिलता है तो में उसकी चुदाई करता हूँ ।।

धन्यवाद …

Hindi Sex Stories, Indian Sex Stories, Hindi Font Sex Stories, Desi Chudai Kahani, Free Hindi Audio Sex Stories, Hindi Sex Story, Gujarati sex story, chudai

वकील की बीवी की चाबी


वकील की बीवी की चाबी



हैल्लो फ्रेंड्स.. में अपने पाठकों को बता दूँ कि मेरा नाम सूरज है और में मुंबई का रहने वाला हूँ.. मेरी उम्र 21 साल है और में एक कॉलेज से इंजिनियरिंग कर रहा हूँ।

दोस्तों यह बात कुछ 6 महीने पहले की है हर रोज़ में सुबह 8:30 बजे कॉलेज के लिए निकल जाता हूँ और फिर शाम को 04:00 बजे आता हूँ। मेरे सामने के फ्लेट में मिस्टर शर्मा रहते है और वो पेशे से एक वकील है और उनकी एक मस्त सेक्सी सी वाईफ है उसका नाम नेहा है जो कि उनकी दूसरी वाईफ है। शर्मा जी की उम्र लगभग कोई 40 के पास होगी और भाभी जी की उम्र कोई 25 के पास होगी। वो बड़ी ही प्यारी सी सेक्सी सी है और कॉलोनी के ही एक स्कूल में टीचर है.. वो सुबह 8:00 बजे स्कूल जाती है और 1:00 बजे घर पर लौटकर आ जाती है। जब वो सुबह स्कूल जाती है तो रोज़ में उनको देखता हूँ और वो एक बार मुझे देखकर हल्की सी मुस्कान ज़रूर देती है और लगातार पिछले एक साल से ऐसा ही चल रहा था। फिर एक दिन जब वो सुबह स्कूल जा रही थी तो में अपने गेट पर खड़ा हुआ था और वो अपने गेट पर ताला लगा रही थी। तभी मेरा टावल खुल गया और मैंने टावल के अंदर कुछ नहीं पहना हुअ था। तो वो मुझे देखकर हल्का सा मुस्कुराई और चली गयी.. लेकिन उस दिन के बाद कुछ दिन तक मेरा और उनका कोई आमना सामना नहीं हुआ। फिर एक दिन मेरे कॉलेज की छुट्टी थी तो में घर पर आराम से सोकर उठा और सिगरेट पीने के लिए बिल्डिंग से बाहर जा रहा था। तो मैंने देखा कि वो बाहर झाड़ू लगा रही है.. शायद उस दिन उनकी नौकरानी काम पर नहीं आई थी और उसने एक छोटी सी टी-शर्ट और छोटी वाली जीन्स पहन रखी थी।

फिर जब वो झुककर झाड़ू लगा रही थी तो उसके मस्त बूब्स साफ साफ दिखाई दे रहे थे और जब मैंने उनको देखा तो देखता ही रह गया.. उस वक़्त वो बहुत मस्त लग रही थी। तभी में उसको छूता हुआ वहां से निकल गया और उसने मुझे एक हल्की सी मुस्कान दी। तो मुझे लगा कि यहाँ पर मेरा कुछ काम बन सकता है और कुछ दिन के बाद एक दिन में दोपहर को कलेज से घर पर आया तो भाभी जी अपने फ्लेट के बाहर खड़ी थी.. मैंने उनको पूछा कि क्या हुआ भाभी जी? तो उन्होंने कहा कि मेरे फ्लेट की चाबी कहीं पर खो गयी है और आपके भाई साहिब भी किसी कंपनी के काम से नेनिताल गये है। तो मैंने उनको बोला कि आप मेरे फ्लेट में आ जाओ.. में कुछ देर के बाद किसी चाबी वाले को ले आऊंगा और तब वो मेरे घर में आ गई। फिर हम दोनों ने एक साथ मिलकर कोल्ड ड्रिंक पी और उसके बाद में बाथरूम में चला गया। तभी भाभी जी ने टीवी चालू कर दिया.. उसमे मैंने सीडी पर ब्लूफिल्म लगा रखी थी और फिर टीवी चालू करते ही ब्लूफिल्म शुरू हो गयी और जब में बाथरूम से बाहर आया तो मैंने देखा कि भाभी जी वो ब्लू फिल्म बड़े ध्यान से देख रही है और वो मुझे देखते ही बोली कि यह कैसी कैसी फिल्म देखते हो? फिर में उनको सॉरी बोला और टीवी को बंद कर दिया और मार्केट से एक चाबी बनाने वाले को लेकर आया और उनका ताला खुलवा दिया। फिर उसी शाम को भाभी जी ने मेरी डोर बेल बजाई तो मैंने दरवाजा खोला और उनको अंदर आने को कहा.. वो अंदर आकर सोफे पर बैठ गई। फिर वो बोली कि सूरज आज शाम को तुम क्या कर रहे हो? तो मैंने कहा कि कुछ नहीं बस खाना खाकर सोना ही है। तभी वो बोली कि आज शाम का खाना आप मेरे साथ ही खा लो.. आप भी अकले हो और में भी अकेली हूँ.. हो सकता है मुझे आपका कुछ साथ मिल जाए। तो मैंने कहा कि ठीक है और फिर में उनके फ्लेट पर चला गया और वो कुछ देर मुझसे इधर उधर की बातें करने के बाद किचन में खाना बनाने चली गई। में ड्रॉयिंग रूम में बैठा था और चुपके से उनको देख रहा था।

तभी वो पीछे मुड़कर मुझे देखते हुए बोली कि सूरज क्या देख रहे हो? तो मैंने कहा कि कुछ नहीं? तो उन्होंने कहा कि क्यों खाना खाने से पहले कुछ ड्रिंक्स हो जाए? तो मैंने कहा कि ठीक है यह बहुत अच्छा आईडिया है.. में अभी लेकर आता हूँ। तो वो बोली कि आपके भाई साहब की रखी है.. तुम रुको में लाकर देती हूँ और उन्होंने मेरे सामने एक ठंडी बियर लाकर टेबल पर रख दी। फिर मैंने कहा कि क्यों आप नहीं पीओगी? तो उन्होंने कहाँ कि नहीं में यह सब नहीं पीती हूँ.. लेकिन में तुम्हारे साथ सॉफ्ट ड्रिंक पी सकती हूँ और हम दोनों ने साथ में पीते हुए बहुत सारी बातें की.. तब में धीरे धीरे उनसे सटने लगा और बिल्कुल उनके पास बैठ गया और एक हाथ को उनकी कमर में डाल दिया। तो वो बोली कि सूरज तुम यह क्या कर रहे हो? चलो खाना खाते है वरना वो ठंडा हो रहा है। मैंने बोला कि कुछ देर बैठो फिर चलते है और फिर में उसके साथ मस्ती करने लगा था और मस्ती मस्ती में उनको छेड़ रहा था और वो मुझसे कह रही थी कि सूरज बस करो यार सब ठीक नहीं है.. लेकिन में अपने काम में लगा रहा और फिर वो भी धीरे धीरे गरम होने लगी।

तभी उसने मेरी पेंट पर हाथ रख दिया और मेरा लंड तन गया लंड और बुरी तरह से बाहर निकलने को तड़पने लगा.. भाभी जी पेंट के ऊपर से मेरे लंड को सहलाने लगी। तो मेरा लंड बाहर निकलने को तैयार हो गया और वो मेरी पेंट की ज़िप खोलकर मेरी पेंट को उतारने लगी और फिर मैंने अपनी पेंट को निकाल दिया और अंडरवियर को भी उतार दिया.. जब उन्होंने मेरे 9 इंच लंबा और 2.5 इंच मोटा लंड देखा तो वो उस पर टूट पड़ी और लंड को धीरे धीरे मुहं में लेकर चूसने लगी। तो में भी उसे पकड़कर किस करने लगा और धीरे धीरे उसे चूमता चाटता रहा और जब मुझे एहसस हुआ कि वो पूरी तरह से गरम हो चुकी है। तो मैंने उसके भी कपड़े एक एक करके उतारने शुरू किए और उसके कपड़े उतारने के बाद उसकी कोमल नाज़ुक जवानी देखकर में थोड़ी देर दंग सा रह गया। उसका फिगर बहुत सुंदर था.. उसका फिगर का साईज यही कोई 30-28-30 था और उसके बूब्स तो छोटे छोटे और गोरे गोरे थे.. लेकिन उसकी चूत पर एक भी बाल नहीं था और गुलाबी रंग बड़ी रसीली चूत थी।

फिर मैंने मेरे सभी कपड़े उतार दिए और मेरा लंड उसके मुहं में डालकर चुसवाने लगा और वो मेरे लंड को मुहं में लेकर बड़े आराम से करीब 20 मिनट तक चूसती रही और वो यह सब पहली बार कर रही थी क्योंकि शर्मा जी ने कभी भी उसके साथ ऐसा नहीं किया था.. लेकिन फिर भी वो किसी अनुभवी लड़की की तरह यह सब कर रही थी और उसके लंड चूसने में ही मेरे लंड ने अपना वीर्य बाहर निकाल दिया। तो में उसके सर को पकड़कर अपने लंड को उसके मुहं में ज़ोर ज़ोर से धक्के देने लगा और फिर पूरा लंड शांत होने के बाद मैंने उसके सर को छोड़ दिया और में उसको वैसे ही खड़ा करके उसकी चूत को चाटने, चूसने लगा। तो वो इस असहनीय दर्द से छटपटाने लगी और में अपनी जीभ को उसकी चूत में डालकर उसे जीभ से चोदने लगा और अब मेरा लंड फिर से लोहे की तरह सख़्त हो गया था। तो मैंने उसे बेड पर लेटा दिया और अपने लंड को उसकी चूत पर रखकर धीरे धीरे अंदर डालने की कोशिश कर रहा था.. लेकिन वो अंदर नहीं जा रहा था। फिर थोड़ी देर धीरे धीरे कोशिश करने के बाद मैंने उसके होंठ पर अपने होंठ रखकर उसे किस करने लगा और सही मौका देखकर एक ज़ोर का झटका दिया और पूरा का पूरा लंड उसकी चूत में अंदर डाल दिया। तो उसके मुँह से एक चीख निकल गयी.. लेकिन वो मेरे मुँह के अंदर दब गयी। तो में थोड़ी देर उसकी टाईट और रसीली चूत में मेरा बड़ा और मोटा लंड डाले हुए बिना हीले डुले उसके ऊपर पड़ा रहा और बारी बारी से उसके एक एक बूब्स को दबाता रहा और उसे किस करता रहा।

फिर थोड़ी देर बाद उसे जब अच्छा लगने लगा तब मैंने लंड को धीरे धीरे झटके देने शुरू किए और में उसकी मस्त चूत में मेरा बड़ा और मोटा लंड अंदर बाहर करके उसे चोदे जा रहा था और वो भी नीचे से उसके कूल्हे उठा उठाकर मज़े लेकर मुझसे चुदवा रही थी। तो उसके मुँह से बड़ी अज़ीब सी आवाज़ें आ रही थी शायद वो मोन कर रही थी और मुझसे कह रही थी और ज़ोर से चोदो अपनी रानी को सूरज आईईईईईईईई अह्ह्ह इतनी ज़ोर से करो कि पूरा मज़ा आ जाए.. आज तुमने मुझे एक सुहागन का मज़ा दिया है.. अब तो में और तुम रोज़ इसी तरह से रोज़ चुदाई करेंगे.. फाड़ दो आज अपनी रानी की चूत को। उसके मुँह से ऐसी बातें सुनकर मुझे बड़ा आश्चर्य हुआ। फिर करीब 20-25 मिनट ताबड़तोड़ धक्के देकर उसे चोदने के बाद मैंने अपना पूरा वीर्य उसकी चूत में डाल दिया और उस पूरी रात हम दोनों एक दूसरे के साथ चिपककर नंगे ही सो गए और फिर में सुबह 05:00 बजे उठा और फिर से एक बार और जबरदस्त चुदाई की और फिर हम सो गए।

फिर सुबह 08:00 बजे मेरी नींद खुली तो हम लोग जल्दी से फ्रेश होकर अपने अपने काम पर निकल गए और शाम को मिलने का वादा किया और अगली शाम को हमारा प्रोग्राम शुरू हुआ। तो उस रात को मैंने उसे बाथरूम में चलने का इशारा किया और वो उठकर बाथरूम में आ गयी। तो में भी बाथरूम में गया और अंदर जाकर मैंने उसे पीछे से ज़ोर से पकड़कर उसके बूब्स ज़ोर ज़ोर से दबाने लगा.. उस दिन उसके बूब्स बहुत सख्त थे। फिर उसने अपनी दोनों आँखे बंद कर दी और में उसके बूब्स को टी-शर्ट के ऊपर से दबाने लगा। तभी थोड़ी देर बाद एक हाथ से उसकी केप्री को निकाल दिया और उसकी चूत में अपनी एक उंगली को डाल दिया और उस उंगली से उसकी चुदाई करने लगा। तभी थोड़ी देर बाद मैंने उसके सारे कपड़े निकालकर उसको बिल्कुल नंगी कर दिया और अब वो मेरे सामने बिल्कुल नंगी थी। तो मैंने अपनी पेंट की ज़िप खोलकर अपना लंड बाहर निकाला.. तो मेरा लंड देखकर वो फिर से पागल हो गयी और एक हाथ से ज़ोर से मेरे लंड को पकड़ लिया।

फिर अपने कोमल कोमल हाथों से वो मेरे लंड को सहलाने लगी और उसके बाद में नीचे बैठ गयी और मेरे लंड को लोलीपोप की तरह चूसने लगी और अपनी जीभ से वो मेरे लंड को चाट रही थी और धीरे धीरे उसने मेरे लंड को अपने मुहं में लेना शुरू कर दिया। तो मेरा लंड बहुत सख्त और बड़ा था उसके मुहं में पूरा नहीं आ रहा था.. मैंने उसके बाल पकड़कर एक ज़ोर का धक्का लगाया.. आधा लंड उसके मुहं में चला गया और उसकी आखों से पानी बाहर निकल आया। फिर धीरे धीरे ज्यादा से ज्यादा लंड वो मुहं में रखकर चूसने लगी.. करीब 15-20 मिनट बहुत लंड चुसवाने के बाद मैंने उससे घोड़ी बनाने के लिए कहा और वो अपनी दोनों टाँगे मोड़कर घोड़ी बन गयी। दोस्तों इस तरह चुदाई करवाने में औरत को बहुत मज़ा आता है और में भी घुटनों के बल बैठ गया और पीछे से अपना लंड उसकी चूत पर लगाया और दोनों हाथों से उसके बाल पकड़ कर एक ज़ोर का धक्का लगाया.. उसके मुहं से बहुत ज़ोर से चीख निकल गयी और में अपना लंड उसकी चूत में ऐसे ही डालकर उसके बूब्स दबाता रहा और जब उसका दर्द थोड़ा कम हुआ तो धीरे धीरे अपना लंड अंदर बाहर करने लगा। तो वो धीरे से बोली कि आज मेरी सारी प्यास बुझा दो प्लीज। फिर मैंने कहा कि आज तो तुझे ऐसे चोदूंगा कि सारी उम्र तू मेरा लंड याद रखेंगी और उसे मेरे सख्त लंड का मज़ा आ रहा था में उसे तेज़ी से धक्के देकर चोदे जा रहा। फिर वो अब अपने पति को गलियाँ देने लगी कि उसके लंड में दम नहीं है और उसने कहा कि तुम मुझे एक बार मेरे पति के सामने भी चोदना.. कम से कम उसे भी यह तो पता चल जाएगा कि चुदाई कैसे करते है? फिर इस तरह से में उसे बहुत तेज रफ़्तार से चोदे जा रहा था और वो बड़बड़ा रही थी सिसकियाँ ले रही थी अपने नाख़ून से मेरे शरीर पर निशान कर रही थी।

दोस्तों सही में उसकी चूत का मज़ा मेरे लंड को जो आया वो ना किसी की चूत में नहीं था और 25 मिनट तक उसकी चूत का कचूमर निकालने के बाद मैंने सारा वीर्य उसकी गरम गरम चूत में निकाल दिया और फिर मैंने लंड को बाहर निकालकर उसके मुँह में दे दिया मेरा और उसकी चूत का जो रस मेरे लंड पर चिपका हुआ था.. उसे वो आइस्क्रीम की तरह से चाटने लगी। उस रात को मैंने उसे 3 बार अलग अलग तरीके से चोदा और उसके बाद जब भी हमें मौका मिलता.. हम एक दूसरे में समां जाते। आज तक मैंने उसे कितनी बार चोदा है यह मुझे भी याद नहीं है.. लेकिन आज भी में उसे बड़े प्यार और मज़े से चोदता हूँ और वो भी मजे लेकर चुदवाती है ।।



Comments are closed.






Sasur ji ne jamkar choda


HI dosto mera naam rohini hai. Meri umer 32 saal hai. Me ek middel class family mai raheti hoon. Aaj me apko mere jivan ki ek sachhi ghatna bata rahi hoon. Mere ghar main me, mere pati, mere do ladke aur mere sasur rahte hai. Ye baat tabki hai jab mera bada bachha ek saal ka tha. Tabhi mere pati ki duty night me thi aur wo raat ko 8 baje kam par jate aur subah 6 baje ghar lot ate the. Raat ko me aur mere sasur aur mera ek saal ka bachha hum teenohi ghar me rahte the. Meri saas to mere shadi se pahelihe gujar gayi thi.

Tabhi meri umer 24 saal thi. Aur mere sasur ki umer 51 saal thi. Mere sasur ki umer 51 thi lekin wo 40-45 ke lagte the. Mere pati ki duty subah hone ke karan tabhi hum dono me jyada sex nahi hota tha kabhi kabar mahine me ek baar agar moka mila to hi ham sex kar pate the. Dinbhar pitaji ghar pe rahte the aur ratko mere pati ghar pe nahi rahate the. Hamara ghar 1bhk ka flat hai isiliye hame kabhi mouka bhi nahi milta tha.

Iski wajah se meri pyas badh rahi thi aur muze rat bhar nind nahi aati thi. Ek rat muze pyas lagi to me uthi me pani pine ke liye kichen me gayi. Pani pine ke baad me mere kamrme jaane wali hi thi ki muze bathroom se kuch awaj ayi to me udhr kya hai ye dekhne ke liye bathroom ke idhar gayi. hamare bathroom ka darwaja jara pooran tha isliye uska kuch hissa gira hua tha mene gire huye hisse se ander najar daali to mene dekha ki mere sasurji ander adhe nange the aur wo unka land haat me lekar hila rahe the. Me unka land dekhkar chuok gayi unka land 8 inch lamba tha. Wo use jor se hila rahe the aur thodi der me unhone diwar pwr unka paani chod diya aur kapde pehanne lage tabhi me waha se nikal ayee aur mere bistar par jake so gayee. Muze saari raat nind nahi ayee me sirf mere sasur ke bare me sochati rahi. Subah hotehi me uth gayi aur apna kaam karne lagi.

Lekin mera kaam me man nahi lag raha tha muze to sirf kal rat ki bat yaad aa rahi thi. Me dinbhar mere sasur ke baare me hi sochati rahi shyam ko jab mere pati kaam par chale gaye to mene man hi man me ek plan banaya aur mere sasurji ko patane ka irada kar liya. Mera beta ek saal ka tha wo abhi bhi mera hi doodh pita tha. Mere sasur tv dekh rahe the me unke samne aakar baith gayi ar tv dekhane lagi wo tv dekhane me vyast the mene unke samne mere bachhe ko doodh pilane ke liye mera ek right side wala breast nikala aur mere bachhe ko doodh pilane lagi.

Mere sasur ne meri aur dekha aur firse tv dekhne lage. Me unke samne kabhi bhi doodh pilane nahi baithi thi isliye wo muze dekhne lage mene jaan boozhkar unpar dhyan nahi diya. Mera beta so gaya tha mera breast khula tha par mene jaanboozhkar use khula hi rakha aur me tv dekhne lagi. mere sasur bich bich me meri aur dekhte aur firse tv dekhne lagte. Ab muze pata chal gaya tha ki unki nazar mere chati par thi. Ab wo tv chodkar mere chati ko dekh rahe the. Mene akdmse unhe poocha ” pitaji aap ye baar baar meri aur yoon kya dekh rahe hai kuch chahiye kya ?” mere poochne par wo dar gaye aur kaha ” kuch nahi me bas yoon hi dekh raha tha ”

tab mene kuch nahi kaha aur me unke paas jakar baith gayee aur unka haat mere chati rakhakar kaha ki ” pitaji muze maloom hai ki aap mere chati ko dekh rahe the agar apko meri chati itni achhi lagi to muzse kah diya hota me apke liye kabhi na nahi kahti” yah soonkar wo mere chati par hat firate hooye bole ” me bhi yahi chahta tha pr meri himmat hi nahi ho rahi thi tumse kahne ki isliye me tumhe hamesha chupkese dekhta tha aur tumhe sapnome hi chodta tha” aur wo muze jaminpar litake mere blaoje ke batan kholne lage uanonhe mera blouje khola aur meri choochiya dabane lage.

wo kahne lage” bahu tumhara sharir to bahut hi komal aur madak hai tumhe chodne me bohat maza ayega mene bohat din ke baad kisi auratko mere haatome paaya hai tumhari saas marne ke baad me bahut akela hua tha aur mera sharir sex ke liye bhahut hi pyasa ho gaya tha isliye me khudhi haatose apna paani gira raha tha achha hua tum mil gayi nahi to muze yesehi marna padta aaj me apni barso ki tammana poori kroonga aaj tumhe abhi tak kisine nahi diya hoga itna sookh dunga” Aur wo meri saari me haat dalne lage meri haalt bhahot hi kharab huyee thi me poori taraha sex me doob gayee thi muze bhale boore ki koi samaj nahi rahi.

pitaji ne meri saari nikal di aur mera peticot nikalkar meri jaangho ko sehlane lage isse me pagal ho uthi aur uanke hotopar hot rakhkar me unko kiss karne lagi.
unonhe mere saare kapde nikal diye aur aur ab wo khudke kapde nikal ne lage.

unka sharir abhi tak poora javan tha wo poore javan admi ke taraha hi lagrahe the unonhe apne saare kapde nikal diye aur wo poore nange ho gaye unka 8 inch lamba land mere samne saap jayse apna fun nikalkar naach raha tha unonhe mere haat me unka land diya aur use choosne ke lye kaha me us land ko choosne lagi wo mere muh me poori tarah nahi ja raha tha me use adha hi apne muh me le parhi thi uski chaudai itni jayda thi ki mera muh bohat khul gaya tha aur mera muh dukh raha tha mene use muh se nikala aur use haatse hilane lagi.

tabhi pitaji ne meri choochiya pakdi aur use apne muh me dalkar choosne lage wo mera breastfeed kar rahe the wo mera dhoodh pine lage aur ek hat meri chut me daalkar usme ungli daalkar ander bahar karne lage wo mera poora ka poora doodh pine lage the mere dono breast poore khali karne ke baad wo meri tango ke bich aye aur meri tange upar karke unhone meri chut par apna land rakha aur muze savdhan hone ko kaha aur ek jor ka dhakka diya aur unka land poora mere chutme gaya mere muh se jor ki chikh nikal gayi fir unhone mere dono haat pakde aur use jorse kaskar pakda aur jor se apna land age piche karne lage mere chutme bohat dard hone laga meri ankhose aasoo ane lage par jyase unhe meri koi chinta hi nahi ayse wo muze jorse chod rahe the mere muh se avaj nikal rahi thi me aaaaaaaaaaahhhhhhhhhhhhh aaaaaaaaaahhhhhhhhhhhhh uuuuuuuuuuuuffffffff uuuuuuuuufffffffffff karke unka sath de rahi thi mere chut se pani nikal gaya tha isliye jab wo unka land under bahar karte tabhi pich pich awaj arahi thi meri chut boahat dard kar rahi thi wo muze chodte huye kabhi mere janghopar thappad marte to kabhi meri pet par to kabhi meri gap par isliye mera saara sharir lal ho gaya tha muze bohat dard ho rah tha jayse muze koi murd nahi to koi janvar chod raha ho ayesa lag raha tha wo mere poori sharir ko masal rahe the ahd ghanta hone ke baad wo mere chut me hi apna pani chodkar mere upar so gaye wo poori tarahse pasinese labalab the unka pasina mere sharir ko lag raha tha wo bohat hi thuk chuke the lekin me galat thi pandhara min ke baad wo phirse uthe aur muze phirse chodne lage us raat unonhe muze jibharke choda kuch din hamara khel ayese hi chalta raha.

ek do saal hum ayse hi chodai karte rahe baad me muze unse ek ladka hua aur me firse maa ban gayi uske baad mere pati ki duty change ho gayi aur wo subhah kam par jane lage aur mere sasur ki tabiyat bhi kuch kharab hone lagi thi isliye hamara nata choot raha tha aur mere bachhe bhi bade ho gaye the iasliye hum dono ne chudai karna chod diya tha.

Post Views :6520

सीमा को पटाकर उसके घर में चोदा – पहला भाग


सीमा को पटाकर उसके घर में चोदा – पहला भाग



हैल्लो फ्रेंड्स.. मेरा नाम राज है और में अहमदाबाद का रहने वाला हूँ और मेरी उम्र 20 साल है मुझे तो पता ही नहीं.. लेकिन लड़कियां बोलती है कि में बहुत हेंडसम हूँ और में जब चुदाई करता हूँ तो लड़कियों को जन्नत की सैर करा देता हूँ और 1 या 2 घंटे तक लड़की को छोड़ता भी नहीं हूँ.. जब तक उसको पूरी संतुष्टि नहीं मिलती बस चोदे ही जाता हूँ। आज तक जितनी भी लड़कियां या भाभी या आंटी को मैंने चोदा है वो आज भी मुझे याद किया करती है। मेरे लंड साईज़ 8 इंच लम्बा और 3 इंच मोटा है। में आपको आज मेरा अपना आखरी सेक्स अनुभव शेयर कर रहा हूँ जो कि मेरी भाभी के साथ है। दोस्तों यह बात अभी एक सप्ताह पहले की है। में स्टेशन पर मेरे दोस्त का इंतजार कर रहा था और वहां पर मैंने देखा कि एक जोरदार ब्यूटीफुल लड़की खड़ी थी। उसका क्या बदन यारों और क्या फिगर था? दोस्तों पता नहीं मेरी नज़र भी इतनी कातिल है कि में लड़की को देखकर ही उसका फिगर और उसके बारे में बता देता हूँ कि उसके साथ कितना मज़ा आएगा। उसका फिगर 34-28-34 था। क्या माल लग रह थी? यारो मेरा तो उसको देखकर ही लंड खड़ा हो गया था और में उसको अपनी बाईक पर बैठकर देखे ही जा रहा था और उसने भी यह नोटीस कर लिया था कि में उसे देख रहा हूँ। तभी थोड़ी देर में मेरा फ्रेंड आया उसने मुझको वो हार्ड कॉपी दी और हमने थोड़ी देर बात की फिर वो भी चला गया.. लेकिन अभी भी में वहाँ पर खड़ा रह कर उसको ही देख रहा था और वो दोपहर का टाईम था और वो भी अब बार बार मेरी तरफ देख रही थी।

फिर मैंने उसको एक स्माईल दी.. लेकिन उसने मुझे कोई जवाब नहीं दिया और पीछे देखने लगी.. लेकिन पीछे कोई भी नहीं था। फिर मैंने वहाँ पर जाकर उसको पूछा कि आपको कहाँ पर जाना है? तो उसने मुझे बताया कि सेटिलाइट। तो मैंने उसको बोला कि में भी वहीं पर जा रहा हूँ.. चलो में आपको रास्ते में छोड़ दूँगा.. लेकिन उसने मना कर दिया। फिर में जाकर बाईक पर बैठ गया और उसको देख रहा था। 15-20 मिनट हो गये.. लेकिन बस आई ही नहीं.. फिर उसने मेरी तरफ देखा और स्माईल दी। तो में समझ गया कि अब गाड़ी पटरी पर आ गयी है और मैंने भी जवाब दिया और एक स्माईल पास कर दी और उसको फिर से बोला अरे यार में आपका रेप नहीं कर दूँगा? तभी अचानक वो हंसी और मेरे लंड की तरफ देखकर बोली कि क्या पता कोई कंट्रोल ना कर पाए और कर दे तो क्या पता? फिर मैंने उससे उसका नाम पूछा तो उसने बोला कि मेरा नाम सीमा है।

में : लेकिन मुझे कंट्रोल करना आता है और में इतना जालिम भी नहीं हूँ कि आपको जबरदस्ती चोदूंगा।
सीमा (मेरे लंड की तरफ देखते हुए) : हाँ वो तो दिख ही रहा है?
तो में समझ गया कि अब रास्ता साफ है बेटा जल्दी से बोल दे.. फिर मैंने दोबारा से पूछा कि चलना है क्या ?
सीमा : मेरा रेप तो नहीं करोंगे ना? और बाईक पर बैठ गई।
में : आप इतनी सुंदर और सेक्सी हो कि कोई भी आपको देखकर ही आपका दीवाना हो जाए और हो सकता है आपका रेप भी कर डाले।
सीमा : ओह्ह तो फिर तुमने क्या सोचा?
में : मैंने तो आपको देखकर ही बहुत कुछ सोच लिया है.. लेकिन हमारा ऐसा नसीब कहाँ कि आप जैसी सेक्सी और हॉट लडकियों के साथ यह सब कर सके?
सीमा : ठीक है चलो छोड़ो अब वो सब बातें और कुछ अपने बारे में बताओ?
में : मेरा नामे राज है में बीकॉम में के पहले साल में पढ़ाई करता हूँ और आप जैसी सुंदर, हॉट लड़कियों की मदद करता हूँ।
सीमा : वाह.. बहुत अच्छे।

में : थोड़ा आपके बारे में भी बता दो?
सीमा : मेरा नाम तो आपको पता ही है और अभी 6 महीने पहले ही मैंने शादी की है और मेर घर बरोड़ा में है.. लेकिन शादी के बाद में अहमदाबाद में रहती हूँ।
में : वाह बहुत अच्छा मुझे तो लगा कि आप एक कॉलेज स्टूडेंट हो.. आंटी जी लेकिन लगता है कि आपने अपने शरीर को बहुत सम्भालकर रखा है आंटी।
सीमा : मुझे आंटी मत बुलावो.. मुझे पसंद नहीं है?
में : आंटी आपके पति क्या करते है?
सीमा : वो एक प्राइवेट कम्पनी में नौकरी करते है.. सुबह 8 बजे जाते है और रात को लेट घर पर आते है और फिर थककर सो जाते है और में पूरा दिन घर में अकेली बोर हो जाती हूँ।
में समझ गया कि सेक्स प्राब्लम है.. तभी में बोला कि में हूँ ना आप मुझको बुला लेना में भी पूरा दिन घर पर अकेले बोर ही होता हूँ।
सीमा : बस यहीं पर बाईक रोक दो.. मेरा घर आ गया है।
में : हाँ ठीक है।
सीमा : अंदर चलो.. चाय पीकर चले जाना।

में : तो में इतना अच्छा मौका कहाँ खोने वाला था और मुझको भी इसका ही तो इंतजार था.. में झट से नाटक करते हुए बोला कि जी नहीं अगली बार।
सीमा : अब चलो भी ना।
में : ठीक है बाबा और में मज़ाक करते हुए बोला कि फिर में रेप कर दूंगा तो बोलना मत।
सीमा : तुम ऐसा कर ही नहीं सकते?
में : ओह तो क्या आपको डेमो ही देना पड़ेगा?
सीमा : तो वो मुझे एक सेक्सी स्माईल देकर रूम में चली गयी और बोली कि इंतजार करो में अभी आती हूँ।
में : ठीक है.. लेकिन में चाय नहीं पीता।
सीमा : तो क्या फिर दूध चलेगा?
फिर थोड़ी देर बाद वो मेक्सी पहन कर आई.. यारों क्या माल लगती थी? काली कलर की मेक्सी और उसका एकदम सफेद बदन.. उसको देखकर मेरा लंड तो झटके मारने लगा।
में : आपका हो तो भी चलेगा।
सीमा : आपको किसने रोका है खुद ही लेकर पी लो?

तो मैंने झट से उसको अपनी बाहों में पकड़ा और किस करने लगा और साथ साथ इस तरह में उसके बूब्स भी दबाने लगा.. यार क्या होंठ थे उसके एकदम रसीले मेरा तो मन कर रहा था कि बस उसका रस ही पीता जाऊँ। फिर वो बोली कि थोड़ा रुको चलो बेडरूम में चलते है और फिर हम बेडरूम में गये.. मैंने उसको बेड पर लेटा दिया और फिर से किस करने लगा और में उसकी मेक्सी के अंदर हाथ डालकर बूब्स दबाने लगा और मैंने मेरी टीशर्ट को भी उतार दिया था। में उसकी नाक पर किस करने लगा और धीरे से उसकी मेक्सी उतारने लगा.. दोस्तों में तो पागल हो गया था। क्या गोरा बदन था उसका.. दोस्तों में उसको चाटने लगा और वो भी बहुत खुश होकर जवाब दे रही थी। फिर मैंने उसकी मेक्सी को उतार दिया दोस्तों क्या बूब्स थे उसके एकदम गोरे गोरे? और अभी उसके निप्पल भी बाहर नहीं आए थे और में तो देखकर चूसने लगा। तभी वो बोलने लगी कि जानू चूसो इसे और चूसो और सिसकियाँ भरने लगी अह्ह्ह उफ्फ्फ्फ़ जानू और ज़ोर से दबाओ सीईईउउ आह। फिर मैंने उसकी ब्रा उतार दी और काली पेंटी में क्या दिख रही थी? दोस्तों में तो देखता ही रह गया और फिर वो बोली कि क्या देख रहे हो? जल्दी से मेरी प्यास बुझाओ में मरी जा रही हूँ। तो में उसकी पेंटी के ऊपर से ही चूत को चाटने लगा और वो मना करने लगी.. लेकिन में नहीं माना.. क्योंकि मुझे चूत चाटने का बहुत शौक है और मुझे उसमे बहुत मज़ा आता है। फिर वो सिसकियाँ लेती ही जा रही थी और वो बोले जा रही थी और ज़ोर से ओह उफ्फ्फ और ज़ोर से करो और वो मेरे मुहं को उसकी चूत पर दबाने लगी। तो मैंने उसकी पेंटी को भी उतार दिया..



Comments are closed.






सीमा को पटाकर उसके घर में चोदा – दूसरा भाग


सीमा को पटाकर उसके घर में चोदा – दूसरा भाग



वाह क्या चूत थी उसकी? एकदम सफेद और उसका साईड का हिस्सा बिल्कुल लाल लाल था और उस पर एकदम छोटे छोटे बाल थे.. मुझे ऐसा लग रहा था जैसे 3-4 दिन पहले ही उसने बालों को साफ किया था। फिर मैंने बिना देर किए उसकी चूत पर मुहं लगा दिया और चूत को चाटने लगा। वाह क्या टेस्ट था? उसकी चूत का.. में तो जन्नत में था और उससे रहा नहीं जा रहा था.. वो बिन पानी की मछली की तरह मचल रही थी और सिसकियाँ ले रही थी। सीईई आहह्ह्ह और ज़ोर से करो मेरे राज और ज़ोर से.. तुमने मेरी लाईफ को रंगीन बना दिया.. में तुमसे बहुत प्यार करती हूँ। में तो बिना कुछ देखे बस चूत चाटे ही जा रहा था। तो वो बोली कि जानू और अब बस में आह्ह्ह मर ही जाउंगी.. प्लीज़ मेरी चूत को आज फाड़ दो.. बना दो उसका भोसड़ा। दोस्तों ये कहानी आप कामुकता डॉट कॉम पर पड़ रहे है।

तो मैंने कहा कि रूको जानू.. अभी तो मैंने शुरु ही किया है थोड़ा इंतजार करो। तो वो ज़ोर ज़ोर से मेरे मुहं को उसकी चूत पर दबाने लगी और कुछ देर बाद उसने अपनी चूत का पानी मेरे मुहं पर छोड़ दिया। तो मैंने उसका सारा पानी पी लिया फिर मैंने अपनी पेंट को उतार दिया और वो मेरे लंड को अंडरवियर के ऊपर से देखकर पागल हो गयी और उसको धीरे धीरे मसलने लगी और थोड़ा घबरा भी गयी। तो मैंने पूछा कि क्या हुआ? उतार दो इसे.. तो उसने जल्दी से मेरा अंडरवियर उतार दिया और फिर एकदम पीछे हट गई.. तो मैंने पूछा कि क्या हुआ जानू?
सीमा : यह तो बहुत बड़ा है और में इसे नहीं ले पाउँगी.. यह मेरे पति से दुगना बड़ा है और मोटा भी कितना है? नहीं मुझसे यह सब नहीं होगा।
तो में बोला कि जानू तुम फिक्र मत करो.. में बहुत धीरे धीरे से करूंगा और तुम्हे पता भी नहीं चलेगा। फिर वो मेरे बहुत समझाने पर मान गई और मेरे लंड को हाथ में पकड़कर बहुत ध्यान से देखने लगी और उसके इस तरह करने से जैसे मेरा लंड करंट के झटके मारने लगा और मेरा लंड उसके हाथ में भी नहीं आ रहा था और फिर उसने लंड को दोनों हाथों में पकड़ा और ऊपर नीचे करने लगी। फिर मैंने कहा कि इसको मुहं में भी लो.. लेकिन वो तो मना करने लगी।
सीमा : प्लीज़ राज.. मैंने पहले कभी नहीं लिया है।
में : इसलिए बोल रहा था कि आज बहुत मज़ा आएगा।

फिर भी वो नहीं मानी.. लेकिन फिर मैंने कहा कि ठीक है सिर्फ़ आगे का सुपाड़ा ही मुहं में अंदर डालना। तो सीमा ने दोनों हाथ से पकड़कर लंड का सुपड़ा आगे किया और अपने मुहं को खोला और थोड़ा सा लंड को अन्दर ले लिया और मैंने उससे कहा कि थोड़ा और लो और जैसे ही उसने लंड को थोड़ा और अंदर लिया और अपने हाथ हटाए और वैसे ही मैंने उसका सर पकड़कर पूरा लंड उसके मुहं में डाल दिया.. सीमा ने ज़ोर से मेरी जांघे पकड़ ली और मैंने कसकर उसका सर और लंड अंदर बाहर करने लगा। तभी थोड़ी देर बाद सीमा ने इशारे से कहा कि बेड पर लेट जाओ.. तो में लेट गया और वो मेरी जांघो की तरफ मुहं करके बैठ गयी और उसकी गांड मेरे मुहं की तरफ थी और सीमा ने मेरा काला लंड हाथ में पकड़ा और मुहं में लोलीपोप की तरह चूसने लगी और में सीमा की गांड के साथ खेल जा रहा था। वो कभी हाथ घुमाती तो कभी कसकर गांड को दबाती और तभी थोड़ी देर बाद मैंने इशारे से सीमा से कहा कि उसके ऊपर आ जाए। तो वो मेरी छाती पर बैठ गयी और लंड चूसने लगी। फिर मैंने उसकी गांड बिल्कुल अपने मुहं पर रख दी और नीच से उसकी चूत चाटने लगा और वो मेरे लंड को इस कदर चूस रही थी जैसे उसने ब्लूफ़िल्मो में देखा था और में तो दंग ही रह गया कि यह सब क्या हो रहा है?

तभी थोड़ी देर तक हम 69 पोजिशन में सेक्स करते रहे और फिर मैंने कहा कि ठीक है अब हम एक काम करते है तू यहाँ पर लेट जा.. तो वो लेट गयी और फिर मैंने उसके दोनों पैर फैला दिए और अपना मुहं दोनों पैरों के बीच में डालकर सीमा की चूत को चूसने लगा और उसकी आवाज़ में क्या जादू था? यारो और फिर सीमा ने कसकर मेरा सर पकड़ा हुआ था और अपनी चूत की तरफ दबा रही थी। तभी थोड़ी देर बाद मैंने ज़ेब में से एक कंडोम निकाला और सीमा के हाथ में दिया और बेड पर लेट गया। तो सीमा मेरी जांघो पर बैठ गयी और लंड को खड़ा किया और उस पर कंडोम लगाया और उसे धीरे धीरे नीचे उतारने लगी.. लेकिन वो लंड ही इतना बड़ा था कि कंडोम आधे तक भी नहीं आ रहा था और मैंने इशारे से कहा कि इसको बाहर निकाल दो। तो सीमा ने कंडोम को बाहर निकाला और लंड को सीधा ही अपने मुहं में डाल दिया और अब मेरा लंड एकदम खड़ा हो चुका था। करीब 8.5 इंच लंबा और 3 इंच गोलाई वाला था और पूरा इतना काला था कि जैसे कोई अफ्रिकन का हो।
अब सीमा से रहा नहीं जा रहा था तो उसने लंड को पकड़कर अपनी चूत पर टिका दिया और उसने मुझे इशारा किया कि अंदर डाल दो तो मैंने कहा कि तुम्हे नीचे आना है या ऊपर? तो उसने कहा कि पहले नीचे आ जाती हूँ बाद में ऊपर आ जाउंगी। तो में बेड पर खड़ा हो गया और सीमा को नीचे लेटा दिया और सीमा के दोनों पैरों को फैलाकर बीच में बैठ गया और उसका हाथ पकड़कर लंड को हाथ में थमा दिया और मैंने कहा कि तुम ही डाल दो। तो सीमा ने मेरा लंड पकड़ा और अपनी चूत के दरवाजे पर ले आई और मुझे इशारा किया कि धक्का मारो और फिर मैंने हल्का सा धक्का लगाया.. लेकिन कुछ भी नहीं हुआ.. लंड बाहर ही था। फिर सीमा ने अपना हाथ मुहं में डाला और थोड़ा सा थूक निकालकर अपनी चूत पर लगाया और मेरे लंड को मुहं में ले लिया ताकि पूरा थूक लगा सके और फिर बाहर निकाल दिया।

फिर मुझे बोला कि अब ज़रा ज़ोर से धक्का लगाओ.. तो मैंने उसकी कमर में हाथ डालकर उसको पकड़ा और एक ही धक्का इतने ज़ोर से मारा कि सीमा के मुहं से जबरदस्त आवाज़ निकली सीईईइ शईई अह्ह्ह माँ मर गई.. प्लीज इसे बाहर निकालो नहीं तो में मर जाऊंगी.. प्लीज़ मुझसे रहा नहीं जा रहा है उह्ह्हउ माँ आहअहह और सीमा आगे से पूरी ऊपर हो गयी.. वो चाहती थी कि खड़ी हो जाए.. लेकिन उसकी कमर पर मेरे हाथ रखे हुए थे और फिर मैंने एक हाथ कमर से हटाकर उसके गले पर रखा और बड़ी वाली उंगली उसके मुहं में डाल दी और सीमा उसे चूसने लगी और थोड़ी ठीक हो गयी। में पीछे की साईड में था तो मुझे पूरा दिख रहा था कि सीमा की चूत में लंड ऐसे फिट हो गया था जैसे अंदर हवा जाने की भी जगह नहीं थी। तभी थोड़ी देर बाद मैंने उसकी कमर पर से हाथ हटाकर उसके दोनों कंधो पर रख दिये और पैरों से उसके पैर जकड़ लिए ताकि वो खड़ी ना हो सके और फिर आधा लंड चूत से बाहर निकाला और फिर से झटका दिया। तो इस बार उसने ज़्यादा उछल कूद नहीं की.. लेकिन वो भी मेरी गांड को पकड़कर अपनी चूत की तरफ दबा रही थी.. में दोनों हाथों से सीमा के बूब्स दबा रहा था और निप्पल को मसल रहा था। तभी थोड़ी देर तक यह सब चलता रहा और मैंने अपनी चोदने की स्पीड बड़ा दी.. तो सीमा बोली कि क्या अब में ऊपर आ जाऊँ? तो में बैठ गया और सीमा मेरी गोद में ऐसे बैठी ताकि दोनों के मुहं आमने सामने आए और फिर किस्सिंग चालू कर दी। फिर सीमा नीचे हाथ डालकर लंड को पकड़कर हिलाने लगी और अब वो थोड़ी ऊपर हुई और लंड को एक हाथ से पकड़कर अपनी चूत में डालने की कोशिश करने लगी और चूत के छेद पर लंड का सुपाड़ा सेट करने के बाद वो बैठ गयी तो पूरा का पूरा लंड अंदर चला गया और वो चिल्ला पड़ी। तो मैंने उसकी गांड पर हाथ रख दिये और दबाने लगा और सीमा लंड को कसकर पकड़कर मज़े ले रही थी और वो धीरे धीरे स्पीड बड़ाने लगी और उसके मुहं से आवाज़ भी बढ़ने लगी और मुझे कसकर नाख़ून मारने लगी और ज़ोर ज़ोर से अपनी चूत को चुदवा रही थी और थोड़ी ही देर में वो मुझसे लिपट गयी और बहुत ज़ोर से चिल्लाई आह्ह्ह उह्ह्ह माँ मर गई ओहुउऊ माँ।

फिर लंड उसकी चूत के अंदर ही था और साईड में से उसका एक पैर ऊपर करके जमकर चोदा और में भी ज़ोर ज़ोर से आवाज़े करने लगा और मुझे पता चल गया कि शायद मेरा वीर्य निकलने वाला है तो में और जोश में आ गया और मैंने जब नज़दीक आकर सीमा की तरफ देखा तो उसकी दोनों आँखे बंद थी। फिर मैंने उसके गाल को छुआ और उससे पूछा कि कहाँ पर निकालूँ सारा माल? तो सीमा ने सर को हिलाते हुए कहा कि प्लीज अंदर मत गिराना और वो बोली कि जहाँ पर तुम चाहो। तो मैंने कहा कि क्या तुम मुहं में लोगी? तो सीमा बोली कि मैंने पहले कभी नहीं लिया.. मुझे नहीं पसंद। तो मैंने बोला कि तुम्हे तो लंड भी मुहं में लेना पसंद नहीं था अब ले लिया ना.. कैसा लगता है और यह भी वैसा ही है तुम एक बार लेकर तो देखो। फिर भी सीमा ने मना किया.. लेकिन मैंने थोड़ा उसे समझाया और फिर सीमा मान गयी और में ज़ोर ज़ोर से धक्के लगाने लगा और उसके मुहं से आवाज़े आ रही थी आअहह माँ और ज़ोर से फाड़ दो आज मेरी चूत को.. बना दो इसका भोसड़ा। फिर मैंने कहा कि तेरी चूत में तो बहुत गर्मी है आहह आआहह बस अब निकलने वाला है अह्ह्ह करते हुए मैंने लंड को बाहर निकाला और बेड के पास खड़ा हो गया और सीमा बेड पर बैठ गयी।

तो मैंने एक हाथ से लंड को ज़ोर से हिलाया और दूसरे हाथ से सीमा की गर्दन को पीछे से पकड़कर उसका मुहं लंड के नज़दीक किया और मुहं से इशारा किया कि मुहं खोलो। तो सीमा ने आखे बंद करके मुहं खोला.. मैंने ज़ोर से उसके बाल पकड़े और मेरे मुहं से आवाज़ आई अह्ह्ह सीमा और उसका मुहं नज़दीक लेकर लंड उसके मुहं में डाल दिया। सीमा ने थोड़ी देर लंड को मुहं में रखा और फिर बाहर निकाला.. तभी मैंने देखा कि सीमा का मुहं पूरा वीर्य से भर गया था और वो अपने होंठो से मेरे लंड की क्रीम चाट रही थी। फिर सीमा ने मेरे लंड को पकड़कर वापस मुहं में डाला और चूसने लगी में उसके गालों पर और बालों में हाथ घुमाकर प्यार करने लगा और मैंने देखा कि सीमा के चहरे पर रोनक आ गयी थी। फिर थोड़ी देर के बाद में कपड़े पहनकर अपने घर चला गया ।।



Comments are closed.






Fucked My Cousin At The Terrace


Hi everyone, this is Saamna (name changed) I am 21 year old from bhopal. I am a regular reader of ISS since last 3 years.

This is my first story today I am going to share my story how I fucked my cousin at terrace.

Before reading the story please give me your feedback at [email protected] and any aunties or girl wants me near Bhopal can message me…We can have fun.

My cousin is Neha she is fair in looks, have nice and toned body. She is 23 years old now. She have a beautiful ass and boobs. Her figure will be 32-28-32 perfect for me.

So this story is one year old. When I went to my village for summer vacation there my cousins also came to my house..I usually talk very much and make everyone laugh, that night me my sister and neha was sitting on terrace (as it was summer) and enjoying the wind I made everyone laugh so hard and specially neha was so happy. So the same night after dinner we went to sleep on the terrace itself..So I dont know why but neha came and slept beside me.. I didnt have any intensions but at night while sleeping my one hand was on her waist accidently (as its my habit I sleep like this) and I thought it may make her feel uncomfortable so I removed my hand from her waist but she pulled my hand and kept it there on her waist… I was like wtf ?

So I removed my hand from her waist as she was wearing a salwar suit and I could feel her skin under my hand but then she slowly pulled my hand and kept it on one of her boob. Still I didnt do anything because I was scared I was feeling embarrassing so she started pressing my hand on her boobs and it was my first time so I got aroused so much.First she was pressing her boobs using my hand and it made me hard inside…. And my dick was fully erected and I could feel her heavy breathing so I kept on pressing her boobs I was pressing both boobs simultaneously and my heart was pumping so fast as it was my first time and she was moaning aahhh…. Aahhhh …. iissss.. Her voice was making me so hard……. I pressed her boobs with full pressure and she said iissshhhh…. Slowly… Slowly. And her voice was making me go hard…..

So I again started pressing her boobs wildly and inserted my one hand in her bra and started pressing her boobs and playing with her tight nipple but I couldn’t remove her bra from her back so I whispered in her ears to remove her bra and she did it and then I removed her top too and now she was half nude in front of me mouth…. She hugged me from holding my waist and I laid on her and started sucking her boobs and pressing them she was on heaven as she was moaning so hard umm…. Sssss… Aaahhh…. Sssss aaahhh…… Heavily breathing and she satrted scratching my back it made me go hard as fuck….. And I kept her nipple in my mouth and started inserting finger in her pussy her pussy was hairy very small hairs I rubbed it and her pussy started juicing my finger was fully wet by her juice I kept on rubbing her as it was making me so hard….While she was holding my dick in her hand and she playing with it under my jockey…. She was playing good with my dick……

Then I hugged her and again pressed her boobs from my one hand and gave a bite on her nipple…. And sucking her another boobs…Keeping her both boobs busy with my hand and mouth…. I started rubbing her nipple from my tongue so she was moaning ummm ummahhh uusssss…. We both were so aroused by that time….. So I just removed my jockey and her panty by my leg and started rubbing my dickhead on her pussy lips she was in hell she was grabbing me so hard and she wanted it all she bite on my ear and licked it I was so aroused by now so I set my dick into rubbing her thighs and just slid my dick in her pussy….. She was just stopped for a second as it went inside her…. As it was tight so she said remove it its paining… But it was first time too and I was feeling warm inside her pussy.